I am a Writer, a Speaker too. I usually write upon real life facts and I share my writings upon this platform which can touch the reality going on in anyone's life. I also provide suggestions upon improvement of thought process of a normal person
Wednesday, May 12, 2021
46. My Sea of Dreams.
Friday, May 7, 2021
45. How Incredible Is Mother...
कहने को तो बस दो अक्षरों का छोटा सा शब्द है ये,
पर समाता इसमें पूरा ब्रम्हांड हैं।
दुनिया चाहे हमे कितना भी बुरा या अच्छा समझे
पर अपनी माँ के सामने आज भी हम एक नन्ही सी जान है।
मेरे रोने पर तो रोती है, पर मेरे हॅसने पर भी रोती है ,
मेरे fail होने पर तो रोती है, पर मेरे पास होने पर भी रोती हैं,
मेरे घर से दूर जाने पर भी रोती है तो घर जब लौट आता हूँ तब भी रोती हैं
Friday, April 30, 2021
44. रोहित सरदाना को सब्दो की श्रद्धांजलि ||
Tuesday, April 20, 2021
43. एक मारवाड़ी कैसे बना एक सफल व्यापारी
एक मारवाड़ी कैसे बना एक सफल व्यापारी
अक्सर ये सवाल आते है कि मारवाड़ी सफल Businessman कैसे है? मारवाड़ी इतने अमीर क्यों है ? एक मारवाड़ी सोचता कैसे है ?
1. BUSINESS ORIENTED MIND- मारवाड़ी जन्म से व्यापारी होते है। जहां एक आम आदमी बीबी- बच्चे, नौकरी, आराम के बारे में सोचता है वहां एक मारवाड़ी को बचपन से ही रुपयों, व्यापर के बारे में सिखाया जाता है, जिस वजह से बचपन से ही मारवाड़ी का दिमाग Business -Oriented रहता है। Job हमेसा से इनके लिए एक temporary platform रहता है।
2. UP-TO-DATE ACCOUNTING- जहाँ बाकि Businessman अपने Business Operations पर ध्यान देते है वहां मारवाड़ी अपने Accounting operations पर ज्यादा ध्यान देते है। ये Business Operations को delegate करते है पर accounts हमेसा खुद monitor करते है।
3. FANTASTIC INVESTOR- आज भारत के Top 5 investors मारवाड़ी है। मारवाड़ी कंजूस नहीं होता हैं ये रूपये की actual value को समझता है और इसी वजह से वो 2 रूपये बचाने के बारे में सोचता है। मारवाड़ी हमेसा उन्ही Investment Plans पर focus करते है जो आने वाले लम्बे समय तक लाभदाई हो।
4. NETWORKING- मारवाड़ी की जुबान यानि पत्थर पर गदा निशान। इनके पास funds available नहीं रहते पर फिर भी payments का commitment कर देते है। मारवाड़ी Networking पर ज्यादा ध्यान देते है। इनका ये सोचना है "जान-पहचान बड़सी तो धंधो अपने आप बड़सी" | Networking के जरिये ये अपने लिए Helping-Sources को generate करते है जिस वजह से passive-funding में इन्हे कोई तकलीफ नहीं आती है।
5. SECONDARY INCOME- एक मारवाड़ी हमेसा एक secondary source of income की planning जरूर करता है ,अब चाहे वो income Interest हो, Rent हो, या Property Appreciation जिसे वो अपनी बुढ़ापे के लिए संभल के रखता है। मारवाड़ी सिर्फ अपने आज के बारे में ही नहीं बल्कि अपने और अपने परिवार के आने वाले कल के बारे में भी सोचते है।
6. READY FOR CHARITY- "LEARN EARN DONATE" ये मारवाड़ी का सिद्धाँत होता है जिसे वो strictly follow करते है। भारत के Charity Fund में लगभग 62 % योगदान मारवाड़ी का होता है। इसके अलावे ये कई संस्थाए खुद भी चलते है जिसे वो समाज सुधार से related कई सारे काम करते है।
7. SPRITUALITY- मारवाड़ी Sprituality पर खुद से ज्यादा यक़ीन करते है। ये मानते है कि मंदिर जाने से , धार्मिक स्थलों में जाने से मन और दिमाग दोनों शांत होता है। बचपन से ही ये अपने बच्चो को अपने संस्कृति का ज्ञान दे देते है।
8. READY TO ACCEPT RESPONSIBILITY- एक मारवाड़ी कभी जिमीदारिया लेने से नहीं घबराता अब चाहे वो जिम्मेदारी उसके घर की हो, समाज की या अपने व्यापार की। हर वक्त मदत के लिए तैयार रहता है। इसी गुण की वजाह से मारवाड़ी एक सफल Leader होता है।
इन्ही वजहों की वजह से मारवाड़ी को सफल व्यापारी माना जाता है।
Thursday, March 25, 2021
42. Holi is all About बाबा श्याम की भक्ति & चंग की मस्ती
पुरे विश्व में भारत अपने त्योहारों के लिए बहुत बिख्यात है। यहाँ लोग त्योहारों को दिल से मनाते है। आपस का खुशिया मनाते हैं, नाचते है, मानो पूरी तरह से उसी त्यौहार के रंग में रंग जाते है।
और उसी में से एक है होली का त्यौहार। होली की दो सबसे बड़ी खासियत है -
पहला ये की होली, हिन्दू पंचांग के हिसाब से फागण के महीने में मनाया जाता है और फागण के पवित्र महीने में पूरी दुनिया बाबा श्याम के भक्तिरस में डूबी रहती है। हर कोई अपने-अपने ढंग से बाबा को रिझाने में लागे रहते है। एक ऐसा भक्तिरस जिसकी धुन में लोग झूमने लगते है, बाबा श्याम की भक्ति में अपने आप को पूरी तरह से रंग लेते है। छोटे हो या बड़े,अमीर हो या गरीब, फागण के भक्तिरस का रंग दिल और दिमाग में पूरी तरह से छाया रहता है। जुबाह पर "जय श्री श्याम" का नारा और हाथो में लेकर निशान बाबा श्याम का, लोगो में सकरात्मक ऊर्जाः का संचार करता है। पुरे वातावरण में एक पवित्रता का अदृस्य रंग छाया हुआ रहता है।
कोई भी त्यौहार तब तक सफल नहीं हो सकता जब तक उसे हम दिल से ना निभाये और होली उन्ही दिल से निभाने वाले त्योहारों में से एक है।
Monday, March 15, 2021
41. Nikita !!! Memories of Friendship....
Sunday, February 14, 2021
40. Find the Actual ....."YOU"
कहीं खुद में तो ना खो गया तू ...|
सच्च कहु तो तू बस अपने बालो को ही सवारने में रह जाता है
तू बस चेहरे पर नकाबों का लेप मलता चला जाता है,
उन नकाबों के पीछे तू अपने चेहरे को छिपाता है
क्या उन नकाबों के बिच तू कहीं खो तो नहीं जाता हैं ?
तू हर पल किसी ओर चिंता में डूबा रहता है ,
तू हर पल किसी और खयालो में खोया रहता है।
तू हस्ता किसी ओर के लिए है,
तू रोता भी शायद किसी ओर के लिए ही है,
मै अब तक समज ही न पाया तू अपने लिए जीता कब है |












